कानपुर आज एमएमए जौहर फैन्स एसोसिएशन के राष्ट्रीय अध्यक्ष हयात जफर हाशमी की अगुवाई में मे 06 दिसंबर 1992 को भारत को कलंकित कर देने वाला दिन जिसे आज संविधान बचाओ भारत जोड़ो दिवस के रुप में फूलबाग स्थित अम्बेडकर प्रतिमा पर मालार्पण के बाद एक हाल में मनाया गया और धर्म के नाम पर नफरत फैलाने वालों पर पाबंदी लगाने की मांग उठाई गई।
कार्यक्रम की अध्यक्षता राष्ट्रीय अध्यक्ष हयात जफर हाशमी ने और संचालन शारिक सिद्दीकी ने किया। संयोजक मुर्तुजा खान रहे। सभा को संबोधित करते हुए राष्ट्रीय अध्यक्ष हयात जफर हाशमी ने कहा कि भारत का संविधान सर्वोच्च है परन्तु अफसोस का विषय है कि विगत 29 वर्षों से संविधान का उल्लंघन हो रहा है और सरकारें बढ़ावा दे रही है। उपद्रवी दंगाई तथा गौ आतंकी खुलेआम नंगनाच कर रहे हैं शासन प्रशासन मूकदर्शक बना देख रहा है ऐसा लगता है कि ग्रहयुद्ध की साजिश की शुरुआत हो रही है।
हाशमी ने कहा कि आज आवश्यकता इस बात की है कि भारत के संविधान के अनुरूप गौ आतंकियों पर धारा 302 हत्या, राष्ट्रद्रोह रासुका की कार्यवाही अविलंब की जाए तथा अपने वक्तव्यों से जहर उगलने वाले धार्मिक उन्मांद फैलाने वालों तथा नफरतो को बढ़ावा देने वालों पर पाबंदी लगाना सरकारो की जिम्मेदारी है। मोहम्मद शारिक सिद्दीकी ने कहा कि राष्ट्रहित में बाबरी प्रकरण को स्वीकार करना एंव उसके आरोपियों का समाजिक बहिष्कार करना देश के 125 करोड़ नागरिकों का दायित्व है!
इस अवसर पर राष्ट्रीय अध्यक्ष हयात ज़फर हाशमी के अलावा मुर्तजा खान,रईस अन्सारी राजू, फिरोज़ अन्सारी बाॅबी, जावेद मोहम्मद खान, मोहम्मद शारिक मंत्री, युसुफ मन्सूरी, शहनावाज अन्सारी, जीशान अली, इरफान अहमद, मोहम्मद शहरोज़, मोहम्मद ईशान, अजीज़ अहमद चिश्ती, मोहम्मद मोहसिन, सैफी अन्सारी, आपका बब्लू खान, हाजी अब्दुल रहमान, हाफ़िज़ बिलाल चिश्ती, आकिब अन्सारी, आदिल असलम आदि थे।
2021-12-06
