बिठूर से भाजपा विधायक अभिजीत सिंह सांगा चर्चा में हैं. दरअसल, पंजाब में पीएम मोदी की सुरक्षा में हुई चूक के मामले में उन्होंने एक ऐसा ट्वीट किया, जो कुछ मिनटों में वायरल हो गया. हालांकि, इस ट्वीट की वजह से उन्हें ट्रोल भी होना पड़ा. बाद में उन्होंने संबंधित ट्वीट को तो डिलीट कर दिया और एक अन्य ट्वीट के जरिए अपने एक एक शब्द को कांग्रेस के खिलाफ बताया.बता दें कि अभिजीत सिंह सांगा भाजपा में आने से पहले कांग्रेस में लंबे समय तक रहे.
अभिजीत सिंह सांगा भाजपा में आने से पहले कांग्रेस में ग्रामीण जिलाध्यक्ष की जिम्मेदारी भी संभाल चुके हैं. साल 2017 में उन्होंने भाजपा ज्वाइन की और बिठूर विधानसभा से चुनाव लड़े थे, जहां से वह निर्वाचित हुए थे. पंजाब में पीएम मोदी की सुरक्षा का मामला तो एक दिन पहले गर्माया था. इस मुद्दे पर लगभग हर भाजपाई ने आक्रोश व्यक्त किया लेकिन एक दिन पहले इस मुद्दे पर बोलने से चूके विधायक अभिजीत सिंह सांगा दूसरे दिन ट्विटर पर कुछ ज्यादा ही आक्रामक शब्दों का प्रयोग कर गए. उन्होंने पहला ट्वीट करते हुए कहा कि इंद्रा गांधी समझने की भूल न करना, श्री नरेंद्र दामोदर दास मोदी नाम है, लिखने को कागज और पढ़ने को इतिहास नहीं मिलेगा !!!! उनका यह ट्वीट मिनटों में ही वायरल हो गया. कुछ लोगो ने उनकी इस भाषा शैली को पसंद किया जबकि कुछ लोग उन्हें ट्रोल करने लगे. इसके बाद भाजपा विधायक ने उस ट्वीट को डिलीट कर दिया.
हालांकि, इसी ट्वीट को रिट्वीट करते उन्होंने सफाई भी दी. विवाद बढ़ने पर अपनी सफाई पेश करते हुए सांगा ने कहा कि मेरा एक एक शब्द सिक्खों की हत्यारी उस कॉंग्रेस के खिलाफ है जिसने कुर्सी के लिए अपने परिवार को न बक्शा, और कल वही साज़िश हमारे पीएम श्री मोदी जी के खिलाफ हुई! देशभक्त सिक्खों को भड़काने का कार्य 84 में सिक्खों के हत्यारे कर रहे आप इसमें सफल नहीं होंगे, जो बोले सो निहाल-सत श्री अकाल।
विधानसभा चुनावों से पहले भाजपा विधायक के इस ट्वीट के मायने भी निकाले जा रहे हैं. भाजपा में ही कुछ लोग इसे दोबारा टिकट मिलने की जोर आजमाइश से भी जोड़कर देख रहे हैं l
2022-01-06
