कानपुर देहात में पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से पिछले तीन दिनों से मौसम में उतार चढ़ाव जारी है। वहीं गुरुवार को सुबह से ही मौसम खराब हो गया। आसमान में बदली छाई रहने के साथ ही सुबह से बारिश शुरू हो गई जो देर शाम तक नहीं रुकी। इससे लोगों को आवागमन में भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। वहीं अधिकतम तापमान में करीब चार डिग्री सेल्सियस की गिरावट से पारा 15.6 पर आ गया। इससे लोग घर में भी ठिठुरते
रहे जबकि बारिश के कारण जिले के अधिकांश स्थानों पर लोगों को जलभराव की समस्या से जूझना पड़ा।
जम्मू-कश्मीर के साथ ही अन्य पहाड़ी क्षेत्र में पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने से पिछले तीन दिनों से मौसम में परिवर्तन हो रहा है। बुधवार को जहां पूरा दिन बदली छाई रही। वहीं गुरुवार को सुबह से ही मौसम खराब हो गया। जिले के अकबरपुर, रूरा, शिवली, रनियां, डेरापुर, झींझक, रसूला बाद सहित अन्य स्थानों पर सुबह से ही शुरू हुई बारिश देर शाम तक नहीं रुकी। इससे लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। बारिश के साथ ही दिन में भी धुंध रही, जिससे आवागमन करने वाले लोगों को भारी परेशानी हुई और दिन में वाहनों की लाइट जलाकर चलना पड़ा। बारिश के कारण अकबर पुर अंडरपास चौराहा, नेहरू नगर, शिवली, डेरापुर, रूरा सहित अन्य कस्बा व ग्रामीण क्षेत्रों में लोगों को जलभराव की समस्या से जूझना पड़ा। बारिश के बाद अधिकतम तापमान में यकायक गिरावट होने से लोगों को घरों में भी चैन नहीं मिला और वह ठिठुरते रहे। वहीं कस्बा व मुख्य बाजार में भी सन्नाटा रहा। रूरा में बारिश के कारण मुख्य बस स्टाप चौराहा, बाजार रोड सहित अन्य स्थानों पर सन्नाटा रहा। साप्ताहिक बाजार का दिन होने के चलते कस्बा की सब्जी मंडी व भटौली सब्जी मंडी में भी सन्नाटा छाया रहा। भटौली के परचून दुकानदार निर्मल मिश्रा, मिठाई दुकानदार संतोष गुप्ता, रूरा सब्जी बाजार के ठेकेदार छोटू माली ने बताया कि बारिश से दुकानदारी बिल्कुल फीकी रही। चार डिग्री सेल्सियस की गिरावट के साथ गुरुवार को अधिकतम तापमान 15.6 डिग्री सेल्सियस रहा, जबकि न्यूनतम तापमान 12.4 डिग्री सेल्सियस रहा। वहीं हवा की औसत गति सामान्य से अधिक 5.3 किमी प्रति घंटे रही। चंद्रशेखर आजाद कृषि विश्वविद्यालय के मौसम विज्ञानी डा. एसएन सुनील पांडेय ने बताया कि पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से मौसम में परिवर्तन हुआ है, जिसका प्रभाव नौ जनवरी तक रहेगा। इसके बाद मौसम सामान्य होने के आसार हैं।
राजपुर से जुड़ी ग्राम पंचायत कांधी गांव में पुलिस चौकी के बगल की बस्ती मे कई वर्षों से जल निकासी न होने से लोगों को समस्या का सामना करना पड़ा। कांधी गांव निवासी ललित कुमार, टिकू, अंकित कुमार, वीरू कटियार ने बताया कि बस्ती का पानी सड़क की तरफ होकर खेतों में जाता था। 10 वर्ष पूर्व सड़क पर हाईवे का निर्माण कराया गया था इससे सड़क के चौड़ीकरण के साथ ही ऊंचाई किए जाने को लेकर बस्ती हाईवे ऊंचाई से काफी गहराई में हो गई है। इससे जलभराव की समस्या से जूझना पड़ता है।
