आज दिनांक 14 /03/ 2022 को सखी केंद्र के तत्वाधान में संतलाल के बगीचे में महिला सशक्तिकरण सेमिनार का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का संचालन प्रभावती जी के द्वारा किया गया।
मीना जी ने कार्यक्रम को बढ़ाते हुए सभी महिलाओं का स्वागत किया सखी केंद्र के लक्ष्य व उद्देश्य के बारे में जानकारी दी। महिलाओं को संगठित होकर अपने अधिकारों के प्रति जागरूक किया।
इसके बाद सखी केंद्र की महामंत्री नीलम चतुर्वेदी जी ने अपने विचारों में कहा आप सबको बहुत ही सशक्त होकर अपने क्षेत्र में काम करना है जो भी विकास कार्य प्रशासन द्वारा चलते हैं या योजनाएं सरकार द्वारा चलाई जाती हैं उन योजनाओं को, उन विकास कार्यों में आपको पूरी निगरानी रखनी है। जो भी बजट योजना के लिए पास होता है वह पूरा बजट योजना में ही लगना चाहिए क्योंकि जो भी बजट का पैसा पास होता है वह सब आपके द्वारा दिए गए टैक्स से होता है। आप जो भी सामान खरीदते हैं उसका टैक्स आप लोग देते हैं। जो भी सरकार द्वारा योजना चलाई जा रही है वह सब ऑनलाइन है, कहीं किसी को भी आपको एक पैसा देने की जरूरत नहीं है। इसके लिए आप लोगों को बहुत ज्यादा जागरूक होकर कार्य करना है। अधिक से अधिक लोगों को इसके लिए जागरूक करना है।
सखी केंद्र की फील्ड कोऑर्डिनेटर किरण तिवारी जी ने अपने विचारों में कहा शिक्षा के अधिकार के तहत आप सभी अपने बच्चों का एडमिशन जरूर करवाएं ऑनलाइन फॉर्म भरने शुरू हो गए हैं । कागजात लेकर जन सुविधा केंद्र जाकर ऑनलाइन फॉर्म कराएं। 3 से 7 साल के बच्चों का ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन होता है जिसमें बच्चों को निशुल्क शिक्षा दी जाएगी।
सखी केंद्र के उपाध्यक्ष प्राची त्रिपाठी जी ने अपने विचारों को रखते हुए कहा सखी केंद्र आप सभी का एक दोस्त जैसा है जहां अपनी बात बिना झिझक आप रख सकती हैं अपनी समस्याएं अपने मन का दुख दर्द बताकर सलाह भी ले सकती हैं। मन का बोझ भी हल्का कर सकती है जो कि 40 वर्षों से समाज में महिला अधिकारों के लिए कार्य कर रही है। जो हमेशा आप सभी के साथ हैं। हम औरतों के जीवन में कई तरह की समस्याएं होती हैं। शारीरिक, मानसिक, आर्थिक तनाव के कारण जिनके डॉक्टर होते हैं, जिनसे आप परामर्श ले सकती हैं। सरकारी अस्पताल में डॉक्टर 10 से 2 बैठते हैं। बहुत अधिक मानसिक तनाव में रहने से आगे कई बीमारियों का होने का खतरा रहता है। ऐसी स्थिति में डॉक्टर से परामर्श जरूर ले।
सखी केंद्र की हेल्पलाइन अर्चना पांडे जी ने अपने विचारों में रखते हुए कहा सखी केंद्र में महिला हिंसा के केस हर माह 150 आते हैं, यह वह महिलाएं होती हैं जो देहरी लांग कर अपनी समस्याओं के समाधान के लिए आगे बढ़ती हैं। बहुत सी ऐसी महिलाएं हैं जो समस्याओं को लेकर ही घुटती रहती है, लेकिन वह अपनी बात किसी से भी नहीं कहती। आज हम उन सब महिलाओं से कहना चाहते हैं किसी भी तरह की हिंसा होने पर आप सभी उसका तुरंत विरोध करें उसकी शिकायत करें चाहे सखी केंद्र में करें या 112 नंबर डायल करें ।
फील्ड कोऑर्डिनेटर माया सिंह जी ने अपने विचारों में रखते हुए कहा शिक्षा के अधिकार के तहत आप सभी अधिक से अधिक अपने बच्चों को ऑनलाइन एडमिशन करवाएं जिससे सरकार द्वारा इस कानून का अधिक से अधिक लोगों को लाभ मिल सके इसी तरह से अन्य योजनाएं भी सरकार द्वारा चलाई जा रही हैं जैसे वृद्धावस्था पेंशन विधवा पेंशन पारिवारिक लाभ योजना सुमंगला योजना कन्या समृद्धि योजना इन सभी योजनाओं का भी आप लोग ऑनलाइन फॉर्म भरा कर इन योजनाओं का लाभ लें और कहीं किसी को भी एक भी पैसे देने की जरूरत नहीं है इसलिए योजनाओं की प्रक्रिया ऑनलाइन शुरू कर दी गई है ।
फील्ड कोऑर्डिनेटर माया कुुरील ने अपने विचारों में कहां आप सब बहने घरों की दहलीज पार करके हमारे बीच आई है बहुत अच्छा लग रहा है इसी तरह आप सभी सखी केंद्र के कार्यक्रमों में आती रहेंगी। आपके अंदर का झिझक है डर दूर होगा और आप अपनी बात को कह सकेंगी और अपने क्षेत्र में विकास कार्य को भी करवा सकेंगी इन सब कार्यों के लिए आपकी दूसरों पर निर्भरता खत्म हो जाएगी। और आपकी पहचान परिवार और समाज में बढ़ेगी दूसरे लोग आएंगे और आप से तमाम जानकारियां लेने दूसरे लोग भी आएंगे।
इस कार्यक्रम मुख्य रूप से प्राची त्रिपाठी, माया कुरील, माया सिंह, किरण, प्रभावती, कंचन, ममता, अनुपमा, मीना, दामिनी सुमित, मुन्ना, मोनिका, सुनीता, पूजा, मीरा आदि लोगों ने मुख्य भागीदारी निभाई।
2022-03-14
