कानपुर के लकी हास्पिटल संचालकों के खिलाफ मुकदमा दर्ज, डीएम की सख्ती के बाद हुई कार्रवाई
Thu, 17 Mar 2022
कानपुर जिलाधिकारी नेहा शर्मा की पहल पर अंगूठा एवं आधी हथेली कटने वाले पीडि़त सब्जी विक्रेता को न्याय की उम्मीद जगी है।
कल्याणपुर आवास विकास स्थित लकी हास्पिटल संचालकों के खिलाफ पुलिस को आखिरकार मुकदमा दर्ज करना पड़ा। वैसे तो पीडि़त ने कल्याणपुर थाने में 23 फरवरी को तहरीर दी थी, लेकिन पुलिस ने सीएमओ से रिपोर्ट एक मार्च को मांगी थी। इसलिए 16 दिन बाद पुलिस ने एफआइआर दर्ज की। पुलिस को संचालकों के खिलाफ अंग-भंग की कार्रवाई करनी चाहिए, क्योंकि लापरवाही की वजह से दाहिने हाथ का अंगूठा व आधी हथेली काटी गई है।
बिठूर के टिकरा के लोहार खेड़ा निवासी अशोक राजपूत भंगदर के आपरेशन के लिए आवास विकास स्थित लकी हास्पिटल में 17 जनवरी को भर्ती हुए थे। लकी हास्पिटल का न ही पंजीकरण है और न ही वहां प्रशिक्षित कर्मचारी हैं। ऐसे में सर्जरी के बाद लकी हास्पिटल के कर्मचारियों ने अशोक के दाहिने हाथ में गलत तरीके से वीगो लगा दिया था। इस वजह से अशोक के हाथ में संक्रमण फैल गया। समस्या बताने पर भी संचालक प्रदीप कुमार राजपूत और शिव केश ने ध्यान नहीं दिया। सिर्फ ड्रेसिंग करके भेज दिया। दर्द के साथ संक्रमण बढऩे पर जब वह दोबारा आया तो अपने यहां से भगा दिया। जब उसने सर्वोदय नगर स्थित रीजेंसी हास्पिटल में दिखाया तो वहां के डाक्टर ने गैंगरीन होने की बात बताई। उसका हाथ बचाने के लिए अंगूठा समेत आधी हथेली काटकर हटा दी।
मदद मांगने पर भगाया
अशोक राजपूत एवं उसकी पत्नी गीता का आरोप है कि जब वह लकी हास्पिटल के संचालक प्रदीप कुमार राजपूत और शिवकेश राजपूत से इलाज के लिए मदद मांगने गए तो मदद से इंकार कर दिया। साथ ही दस रुपये के सादे स्टांप पर अंगूठा लगवा कर भगा दिया। इस प्रकरण को दैनिक जागरण लगातार उठा रहा है, जिसे गंभीरता से लेते हुए डीएम ने कार्रवाई करने के साथ ही मदद की पहल भी की है।
बोले जिम्मेदार: सीएमओ की रिपोर्ट के आधार पर लकी हास्पिटल संचालकों एवं प्रबंधन के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है। प्रकरण की जांच की जा रही है। – अशोक कुमार दुबे, इंस्पेक्टर, कल्याणपुर थाना।
