कानपुर देहात में गैर जमानती वारंट जारी होने के एक साल बाद भी अभियुक्त के न पकड़े जाने पर न्यायालय ने नाराजगी जताई। वहीं नियत तिथि पर सुनवाई के दौरान आख्या न देने व वारंट नदारद हो जाने पर न्यायालय ने पुलिस की कार्यशैली पर कड़ी प्रतिक्रिया दी। इसके साथ ही एसओ मंगलपुर को सात अप्रैल को न्यायालय में तलब किया है।
आपराधिक मामले में मंगलपुर पुलिस ने लल्लू के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया था, जिसकी सुनवाई अपर जिला एवं सत्र न्यायालय सप्तम में चल रही है। गुरुवार को नियत तिथि पर सुनवाई के दौरान अभियुक्त अनुपस्थित रहा। पिछले एक वर्ष से अभियुक्त के लगातार अनुपस्थित रहने पर न्यायालय ने नाराजगी जताई। सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता धनंजय पांडेय ने बताया कि अभियुक्त लगातार अनुपस्थित चल रहा है। इस पर 18 मार्च 2021 को अभियुक्त लल्लू के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी किया गया था। इस दौरान मामले में कई तारीख पड़ने के बाद भी अभियुक्त को न्यायालय में उपस्थित नहीं कराया जा सका। वहीं नियत तिथि पर सुनवाई के दौरान न्यायालय ने आदेश दिया कि गैर जमानती अधिपत्र पर न्यायालय में रिपोर्ट लेकर आएं, जिस पर पैरोकार ने बताया कि वारंट को जीडी में चढ़ाया गया था, इसके बाद वह कहां गुम हो गया जानकारी नहीं है। न्यायालय ने पैरोकार की बात सुन कड़ी नाराजगी जताई। इसके साथ ही मामले में एसओ मंगलपुर एसके मिश्रा को सात अप्रैल को लिखित स्पष्टीकरण के साथ न्यायालय में तलब किया।
