हमीरपुर 16 मई शहर स्थित यमुना नदी की जलधारा में शव बहाये जाने की घटनाओं को रोकने के लिए राज्य आपदा मोचन बल एसडीआरएफ की टीम भेजी गई है शनिवार को मुख्यालय पहुंची टीम को कुछेछा स्थित राजकीय महाविद्यालय में ठहराया गया है वहीं शनिवार को भी यमुना नदी की जलधारा में 2 शव बहते हुए देखे गए किंतु शव मिलने की बात से प्रशासन व एसडीआरएफ की टीम ने इनकार किया है एसडीआरएफ की टीम ने कहा कि उन्होंने यमुना नदी के किनारे पैदल गस्त किया है जहां उन्हें एक भी शव नहीं दिखाई पड़े इस समय कोरोना के अलावा अन्य बीमारियों से भी लोगों की मौत हो रही है मृतकों के परिजन इन शवों का दाह संस्कार ना कर यमुना नदी में जल प्रवाह कर देते हैं प्रदेश सरकार ने शवों के जल प्रवाह पर रोक लगा दी है सरकार का कहना है कि मृतकों का अंतिम संस्कार दाह संस्कार या उनको दफना कर किया जाए शवों को जलधारा में प्रवाह करने से संक्रमण फैल सकता है यमुना नदी की जलधारा की चौकसी करने के लिए राज्य सरकार ने एसडीआरएफ की एक टीम मुख्यालय भेजी है जिसकी रुकने की व्यवस्था कुछेछा स्थित राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय में की गई है 25 सदस्यों वाली टीम का नेतृत्व एक इंस्पेक्टर करेंगे उनके साथ उप निरीक्षक व हवलदार समेत अन्य कर्मी भी होंगे दो मिनी बसों में व एक ट्रक में सवार होकर यह टीम शनिवार को मुख्यालय पहुंच गई है टीम अपने साथ आपदा प्रबंधन के कार्य में आने वाली मोटर बोट जाल कांटा वह अन्य सामान भी ले कर आई है अपर पुलिस अधीक्षक अनूप कुमार सिंह ने बताया कि यह टीम यमुना नदी की जलधारा में नजर रखेगी
2021-05-16

