भाजपा के मजदूर संगठन ओईएफ मज़दूर संघ के झूठे प्रलोभन और छलावे से रहे सावधान |
कानपुर। आयुध उपस्कर निर्माणी फूलबाग कानपुर में 22 नवम्बर को होने वाले कार्यसमिति और कैंटीन प्रबंधन समिति चुनाव को लेकर चुनाव प्रचार चरम पर है। चुनाव प्रचार समाप्त होने को बस अब दो दिन ही शेष हैं। मंगलवार को निर्माणी मुख्य द्वार पर किला मजदूर यूनियन ने सभी प्रत्याशियों के साथ प्रचार करते हुए कर्मचारियों से वोट मांगा। इस दौरान यूनियन नेताओं ने कर्मचारियों को केंद्र की भाजपा सरकार के मजदूर संगठन ओईएफ मजदूर संघ के छलावे और झूठे प्रलोभन से सावधान रहने की कर्मचारियों से अपील करी। इस दौरान किला मजदूर यूनियन नेताओं ने कहा कि आयुध निर्माणियों के निगमीकरण के लिए पूरी तरह से केंद्र की भाजपा सरकार का मजदूर संगठन बीपीएमएस पूरी तरह से जिम्मेदार है ।बीपीएमएस पूरी तरह से केंद्र की भाजपा सरकार के इशारे पर काम करता है। निर्माणी में बीपीएमस से संबद्ध ओईएफ मजदूर संघ और लाल झंडे के शीर्ष नेता कर्मचारियों को धोखा देकर एग्जामिनर बन गए और बिना काम किए मौज कर कर रहे हैं और कर्मचारी कई महीनों से माइनस में वेतन ले रहे हैं। आफिसों में भी भाजपा की मजदूर यूनियन के चाटुकार नेता बाबू बन कर बैठ गए हैं और बिना कुछ काम किए पूरा वेतन ले रहे हैं। कार्यसमिति चुनाव आते ही वही चाटुकार नेता अब कर्मचारियों को तरह तरह भरमाने का प्रयास कर रहे हैं और तरह- तरह के प्रलोभन देने के साथ झूठे वादे कर हैं। ये वही लोग हैं जो कहते थे कि किसी भी आयुध निर्माणी का निगमीकरण नहीं होगा। उनकी रक्षा मंत्री से बात हो गई है। कोई ओवर टाइम बंद नहीं होगा। किला मजदूर यूनियन नेताओं ने कहा यदि निर्माणी के कर्मचारी अब भाजपा के मजदूर संगठन ओईएफ मजदूर संघ के बहकावे में आ गए तो जल्दी ही निर्माणियों का निगमीकरण से निजीकरण होगा। ओटी एरियर के नाम पर भी कर्मचारियों से खूब रुपया ठगा है और अपनी अपनी तिजोरी भरने का काम कर रहे हैं। इसलिए इसे नक्कालों से सावधान रहते हुए आगामी 22 नवम्बर को गुलाब के फूल पर मोहर लगाकर सारे प्रत्याशियों को जिताने का काम करें। जिससे कर्मचारियों की हर समस्या का प्रमुखता से निराकरण कराया जा सके। प्रचार के दौरान मुख्य रूप से कार्यवाहक अध्यक्ष अनिल कुमार, उपाध्यक्ष नरेश तिवारी, महामंत्री समीर बाजपेई, नीरज सिंह, सियाराम, जितेंद्र कुमार, सुधीर सिंह,अरविंद द्विवेदी, राजकुमार गौतम,शिवकुमार पाल ,चंद्रशेखर, रोहित तिवारी, विजय पाल, मोहम्मद अजीम, सुजीत कुमार, राकेश कुमार, मनोज कुमार, पुनीत सिन्हा, राजीव कुमार, निशात अनवर अंसारी, सतीश कुमार, अरविंद कुमार राठौर, हर्षित श्रीवास्तव, मोहित कुमार, आशीष शर्मा, काशी प्रसाद वर्मा, प्रभाकर बाथम आदि रहे।
