एमएसएमई एक्सपो-2026 का भव्य उद्घाटन, कानपुर में जुटे उद्यमी और प्रतिष्ठित संस्थान
कानपुर सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम (एमएसएमई) मंत्रालय, भारत सरकार के तत्वावधान में एमएसएमई-विकास कार्यालय, कानपुर द्वारा आयोजित दो दिवसीय एमएसएमई एक्सपो-2026 का आज यहाँ शुभारंभ हुआ। कार्यालय परिसर में आयोजित इस प्रदर्शनी में 87 से अधिक स्टॉल लगाए गए हैं, जहाँ सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों, सरकारी विभागों, बैंकों और एमएसएमई इकाइयों ने अपने उत्पाद व सेवाएँ प्रदर्शित की हैं।
उद्घाटन सत्र को संबोधित करते हुए संयुक्त निदेशक विष्णु कुमार वर्मा ने सार्वजनिक खरीद नीति (पब्लिक प्रोक्योरमेंट पॉलिसी) पर प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि सरकारी एवं सार्वजनिक उपक्रमों को अपनी कुल खरीद का 25% सूक्ष्म एवं लघु उद्योगों से करना अनिवार्य है, जिसमें 4% एससी/एसटी और 3% महिला उद्यमियों की इकाइयों से खरीद शामिल है।
मुख्य अतिथि ब्रिगेडियर टी. रजनीश, डीजीक्यूए, कानपुर ने कहा कि एमएसएमई क्षेत्र देश की सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) में 30% और रोजगार सृजन में 62% तक योगदान देता है। उन्होंने उद्यमियों से ‘ईज ऑफ डूइंग बिजनेस’ को अपनाने का आह्वान किया।
संयुक्त आयुक्त उद्योग सुनील कुमार ने उत्तर प्रदेश सरकार की औद्योगिक नीतियों व योजनाओं की जानकारी देते हुए उद्यमियों को इनका लाभ उठाने के लिए प्रेरित किया। हिन्दुस्तान एरोनॉटिक्स लिमिटेड (एचएएल) के सुरेश चन्द्र मीणा ने ‘सृजन पोर्टल’ के माध्यम से वेंडर पंजीकरण की प्रक्रिया समझाई।
एलिम्को के रवि रंजन ने उद्यमियों से उच्च गुणवत्ता वाले उत्पाद बनाने पर जोर दिया, तो आयुध निर्माणी के संजय गुप्ता ने बताया कि उनके संस्थान की लगभग 90% खरीद एमएसएमई क्षेत्र से होती है।
एक्सपो में हिन्दुस्तान एरोनॉटिक्स लिमिटेड, एलिम्को, बैंक ऑफ बड़ौदा, भारतीय स्टेट बैंक, यूको बैंक सहित 82 से अधिक सूक्ष्म एवं लघु उद्योग इकाइयों ने भाग लिया है। महिला उद्यमियों की सहभागिता भी खास रही।
कल 04 फरवरी को कार्यक्रम के दूसरे दिन क्रेता-विक्रेता सम्मेलन, तकनीकी सत्र और शिक्षित बेरोजगार युवाओं के लिए एक विशेष कार्यशाला आयोजित की जाएगी।
