फर्रुखाबाद में बसपा नेता अनुपम दुबे की मां और भाइयों के सात शस्त्र लाइसेंस निरस्त, मैनपुरी जेल में है बंद

फर्रुखाबाद के डीएम संजय कुमार सिंह ने निरीक्षक हत्याकांड में मैनपुरी जेल में बंद बसपा नेता अनुपम दुबे के कासगंज जेल में बंद भाई अनुराग दुबे ‘डब्बनÓ, मोहम्मदाबाद विकास खंड के ब्लाक प्रमुख भाई अमित दुबे ‘बब्बनÓ के तीन-तीन और मां कुसुमलता दुबे का एक शस्त्र लाइसेंस निरस्त कर दिया है। शस्त्र बिक्री करने के लिए संबंधित को एक माह का समय दिया गया है। अभिलेखों में हेराफेरी करने के मामले में पुलिस ने अनुपम के दोनों भाइयों के खिलाफ धोखाधड़ी का मुकदमा भी दर्ज कराया था।

पुलिस की ओर से भेजी गई रिपोर्ट में अनुराग दुबे व अमित दुबे पर लाइसेंस हासिल करने में जन्मतिथि में हेरफेर करने का आरोप लगाया गया था। रिपोर्ट के अनुसार, अनुराग ने वर्ष 1999 में 315 बोर की रायफल का लाइसेंस लेते समय अपनी जन्म तिथि 15 जून, 1977 दर्शाई है। वहीं, वर्ष 2002 में .32 बोर पिस्टल का लाइसेंस हासिल करते समय श्याम जनता विद्यालय सिनौड़ा ईश्वरी के स्थानांतरण प्रमाणपत्र (टीसी) के आधार पर जन्मतिथि दो सितंबर, 1977 लिखी है। वर्ष 2008 में डबल बैरल बंदूक का लाइसेंस लेते समय माध्यमिक शिक्षा परिषद की सनद के आधार पर एक मई, 1983 जन्मतिथि दिखाई है। इसी तरह अमित दुबे ने 1999 में 12 बोर डबल बैरल बंदूक का लाइसेंस लेते समय जन्मतिथि 20 अप्रैल, 1977 दिखाई। वर्ष 2002 में .32 बोर रिवाल्वर का लाइसेंस लेते समय उम्र 15 जुलाई, 1976 दिखाई। वर्ष 2008 में एनपी बोर रायफल का लाइसेंस हासिल करते समय जन्मतिथि 10 अगस्त, 1982 दर्शाई। इसके समर्थन में हाईस्कूल की सनद भी लगाई गई। उनकी मां कुसुम लता दुबे के नाम जारी सिंगल बैरल बंदूक का लाइसेंस उनके पुत्रों के आपराधिक इतिहास के मद्देनजर उनके लाइसेंसी शस्त्र के दुरुपयोग की आशंका में निरस्त किया गया है।

निरीक्षक राम निवास यादव निवासी अमीसराय, मेरठ की कानपुर मेंरेलवे स्टेशन के पास ट्रेन में गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। इस मुकदमे में बसपा नेता अनुपम दुबे वांछित था। उसके खिलाफ गैरजमानती वारंट और कुर्की की कार्रवाई की गई तो उसने 26 वर्ष पुराने ठेकेदार शमीम की गोली मारकर हत्या के मामले में 14 जुलाई को न्यायालय में आत्मसमर्पण कर दिया था। उसके भाई अनुराग दुबे को जानलेवा हमले के मुकदमे में गिरफ्तार कर जेल भेजा गया था। वह इस समय कासगंज जिला जेल में बंद है।

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