कानपुर 30 मार्च । भारतीय शिक्षण मण्डल एवं संस्कार भारती के बैनर तले नव संवत्सर महोत्सव धूमधाम से मनाने हेतु 30 वाँ विक्रमादित्य मेले के आयोजन का पूरा ब्यौरा देने के लिए संस्था के अधिकारियों ने कानपुर प्रेसक्लब में अपनी वार्ता की।
उन्होंने बताया कि आज हम सभी लोग स्वतन्त्र हैं, यह स्वतंत्रता पुनः न छिन जाय इस बात से सभी भारतवासियों को सचेत रहना होगा। आजका हमारा नवयुवक अंग्रेजी नववर्ष की तिथि को जानता है लेकिन अपने देश का नववर्ष कब शुरू होता है, यह नहीं जानते। इसी बात को ध्यान में रखकर 30 वर्ष पहले बालक/बालिकाओं के अंदर सांस्कृतिक, धर्माभिमान, राष्ट्रप्रेम को जागृत करने का काम कर रही है। हम अपने नववर्ष की तिथि भूल चुके थे। इन्हीं बातों को ध्यान में रखकर इसबार नववर्ष की पूर्व संध्या 1 अप्रैल, 2022 दिन शुक्रवार को ब्रजेन्द्र स्वरूप पार्क (आकाशवाणी के सामने) विक्रमादित्य सांस्कृतिक मेले का आयोजन संस्था कर रही है। संस्था 60 विद्यालयों में अनेक प्रतियोगिताओं का आयोजन भी कराती है जैसे- शुभकामना पत्र, मानस अंत्याक्षरी, देश भक्ति गीत, लोकगीत, लोकनृत्य, भाषण , निबन्ध, रंगोली गीता श्लोक, व झांकी प्रतियोगिता कराई जाती हैं।
मेले में विजेता को शौर्य व सेवा रत्न का पुरस्कार दिया जाता है। अपना नववर्ष एक ऐतिहासिक महत्व भी रखता है। इसी दिन से सृष्टि की रचना शुरू हुई , भगवान विष्णु का प्रथम अवतार, महर्षि गौतम का जन्मदिन, सम्वत का शुभारंभ हुआ, आर्यसमाज स्थापना आदि महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है।
इस वर्ष मेले निःशुल्क जाँच शिविर भी लगेगा और निःशुल्क दवाओं का वितरण किया जाएगा।

2022-03-30
