हमीरपुर में छात्रा से दुष्कर्म में स्कूल प्रबंधक को उम्रकैद, कोचिंग पढ़ने आई बालिका के साथ हुई थी घटना
हमीरपुर में सात वर्षीय छात्रा के साथ दुष्कर्म मामले में स्कूल प्रबंधक को उम्रकैद और पांच लाख जुर्माना की सजा सुनाई गई है। सजा पाने वाला भाजपा से भी जुड़ा रहा है। हालांकि, नगर अध्यक्ष ने इससे इन्कार किया है।
विशेष लोक अभियोजक पाक्सो एक्ट रुद्र प्रताप ङ्क्षसह ने बताया कि मुख्यालय निवासी एक महिला ने दो मार्च 2019 को सदर कोतवाली में मुकदमा दर्ज कराया था। उसमें बताया था कि उनकी सात वर्षीय बेटी मोहल्ले में संचालित स्कूल में पढ़ती थी। उसका प्रबंधक गयादीन घर में कोचिंग पढ़ाता था। 28 फरवरी 2019 की शाम तीन बजे बेटी गयादीन के घर कोङ्क्षचग पढऩे गई, जहां उसने उसे नमकीन व लड्डू खिलाने का लालच देकर कमरे में ले जाकर दुष्कर्म किया। इस बीच उसकी पत्नी के आ जाने पर बेटी को छोड़ दिया। डर के कारण बेटी ने घर आकर कुछ नहीं बताया। जब दूसरे दिन उसे स्कूल जाने के लिए तैयार किया गया तो वह रोने लगी और न जाने की बात कही। पूछने पर बताया कि मास्टर साहब ने उसके साथ गलत काम किया है। इसके बाद कोतवाली पुलिस ने प्रबंधक के खिलाफ दुष्कर्म व पाक्सो एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज किया था। शुक्रवार को मामले की सुनवाई करते हुए विशेष न्यायाधीश पाक्सो एक्ट प्रवीण सोनकर ने स्कूल प्रबंधक को दोषी ठहराते हुए सजा सुनाई। उधर, आरोपित के पूर्व में भाजपा जिला महामंत्री के पद पर होने की बात पता चली है। हालांकि, भाजपा नगर अध्यक्ष वेदप्रकाश आर्य ने कहा कि पूर्व में आरोपित क्या था, ये नहीं पता। वर्तमान में वह पार्टी से नहीं जुड़ा है।
