कानपुर। गॉंव व पोस्ट तिलसहरी खुर्द निवासी रामबाबू निषाद ने आज कानपुर प्रेसक्लब में एक वार्ता की। वार्ता में उसने अपनी पीड़ा दबंग भू माफिया महेन्द्र सिंह और पूर्व ज़मींदार राधाकांत व उनका पुत्र कृष्ण कांत के विरुद्ध व्यक्त की।
रामबाबू ने बताया कि उसने जबसे होश संभाला है तबसे अपनी इसी पैतृक ज़मीन पर कब्ज़ा व पूर्ण रूपेण देख – भाल करता चला आ रहा है। इसपर किसी अन्य किसी तरह का कब्ज़ा नहीं था।
पूर्व ज़मीदार उनका बेटा कृष्णकांत का नाज़ायज़ धंधा के अंतर्गत गरीबों के कच्चे मकान गिराना व प्लाटिंग करके बिना लिखा-पढ़ी बेचकर पैसे वसूलना। यही इनका गैरकानूनी धंधा है।
इसी तरह भू माफिया महेंद्र सिंह अपने असलहेधारी लोगों के साथ आकर मेरी सीमेंट की बनी नाँदों को गिरा दिया , विरोध करने पर पूरे घर के लोगों महिलाओं सहित मारा पीटा और बेइज्जत किया ।
मैंने शासन-प्रशाशन से शिकायत की, अभी 19 सितम्बर को थाना प्रभारी राघवेंद्र सिंह से फोन पर बताया लेकिन कोई कार्यवाही नहीं कि गई।
ज़मीन माननीय स्व0 रामपाल से प्राप्त जिस पर किसी का दखल व कब्जा नहीं था। माननीय न्यायालय सी एम एम-8 के यहां मुकदमा सं 1740/2018 विचाराधीन है।
मेरा प्रसाशन से अनुरोध है कि इन गैर कानूनी कार्यों पर रोक लगाकर मेरी जानमाल की रक्षा करें ।
