कलेक्ट्रेट में दो लोगों ने डीजल डालकर आत्मदाह का किया प्रयास
डीएम ने पूछा-मुझसे क्यों नहीं की शिकायत, पीडित बोले-गलती हो गई
कलेक्ट्रेट में सुबह करीब दस बजे उस समय हडकम्प मच गया जब दो लोगों ने अपने पर डीजल डालकर आत्मदाह का प्रयास किया। मौके पर मौजूद गनर, होमगार्ड ने किसी प्रकार से उन्हें पकडा और वहां से हटाया।
सूचना मिलते ही मौके पर आलाधिकारी वहां पहुंचे और उनसे पूछताछ की। पीडित का नाम कानपुर देहात के मैथा के रहने वाले पदम सिंह और मोती सिंह बताया गया। उनके मिलने वालों ने बतायाा कि नौबस्ता स्थित आवास विकास की जमीन पर दबंगों के कब्जे से परेशान होकर यह कदम उठाया है। कुछ देर में ही पुलिस फोर्स भी वहां पहुंच गई।
डीएम जितेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि दोनों पीडितों से बात की गई। संबंधित अफसरों को जमीन चिह्नित करने और जांच का आदेश दिया है। साथ ही किसी प्रकार का कोई अवैध कब्जा न हो इसपर भी निर्देशित किया गया है।
कानपुर देहात के मैथा के रहने वाले पदम सिंह और मोती सिंह ने बताया कि उनकी नौबस्ता स्थित आवास विकास योजना नंबर 2 के आराजी संख्या 1225 और 1226 में करीब सात बीघा जमीन गई थी। इस संबंध में आवास विकास कार्यालय को पैमाइश संबंधित लेटर लिखा था।उन्होंने बताया कि जानकारी मिली की कुछ दबंगों ने वहां पर निर्माण कार्य शुरू कर दिया है। वहीं अफसरों ने बताया कि इस संबंध में एक कमेटी पहले ही गठित की गई है। नायाब तहसीलदार ने मौका मुआयना भी किया है। चारों तरफ आवासीय होने के चलते जरीबी पैमाइश नहीं हो सकी। टीम सर्वे कर जमीन चिह्नित करेगी और आवास विकास को लेटर भेजेगी।
डीएम जितेंद्र प्रताप सिंह ने दोनों पीडितों से कार्यालय में बात की। डीएम ने पूछा कि क्या कभी मुझसे कोई शिकायत इस संबंध में की तो दोनों ने बोला कि कभी नहीं डीएम से मिले और न ही कोई शिकायती पत्र दिया।एसडीएम सदर ने जमीन की जांच को लेकर पहले ही टीम गठित कर रखी है जो पैमाइश कर रिपोर्ट सौंपेगी।
कलेक्ट्रेट परिसर के बाहर जैसे ही पदम और मोती ने अपने पर डीजल का पीपा पलटा तो वहां मौजूद गार्ड अशोक कुमार पाल, सिपाही चेतन पवार और गनर विश्वेंद्र ने उन्हें दबोच लिया। दोनों ओर से जोर अजमाइश शुरू हो गई। किसी प्रकार से पदम और मोती पर काबू पाकर उन दोंनों को एक कमरे में ले गए। यहां अफसरों पर आत्मदाह का कारण की पूछताछ की।
