कानपुर विकास प्राधिकरण, कानपुर
(अवैध निर्माण/विकास कार्य के विरूद्ध प्रवर्तन (जोन-1बी) के द्वारा लगभग 11 बीघे में ध्वस्तीकरण की कार्यवाही)
ऽ उपाध्यक्ष महोदय श्री मदन सिंह गब्र्याल एवं सचिव महोदय श्री अभय कुमार पाण्डेय के निर्देशन में क्रम में आज दिनांक 11.03.2026 को प्रवर्तन (जोन-1बी) के विषेष कार्याधिकारी/उपजिलाधिकारी डा0 रवि प्रताप सिंह के नेतृत्व में ध्वस्तीकरण की कार्यवाही सम्पन्न की गयी, जो निम्नवत् है:-
निर्माणकर्ता का नाम
निर्माण का विवरण रकबा
कृत कार्यवाही अभ्युक्ति
1. श्री राघव, श्री सुमेर व अन्य ग्राम-चिरान, कानपुर नगर। लगभग 06 बीघा अवैध/अनाधिकृत निर्माण के विरूद्ध ध्वस्तीकरण की कार्यवाही की गयी। बिना प्राधिकरण से तलपट मानचित्र स्वीकृत कराये/अनुज्ञा प्राप्त किये विकसित की जा रही प्लाटिंग के विरूद्ध कार्यवाही।
2. श्री बलराम सिंह चैहान व अन्य ग्राम-कटरी ख्यौरा, कानपुर नगर। लगभग 05 बीघा अवैध/अनाधिकृत निर्माण के विरूद्ध ध्वस्तीकरण की कार्यवाही की गयी। बिना प्राधिकरण से तलपट मानचित्र स्वीकृत कराये/अनुज्ञा प्राप्त किये विकसित की जा रही प्लाटिंग के विरूद्ध कार्यवाही।
इस प्रकार लगभग 11 बीघे में विकसित की जा रही अवैध प्लाटिंग के अन्तर्गत रोड, नाला, बाउण्ड्रीवाल, बिजली के खम्भे, पिलर, इन्ट्रीगेट एवं समस्त निशानदेही को 02 जे0सी0बी0 के माध्यम से ध्वस्त/समाप्त किया गया।
उक्त ध्वस्तीकरण कार्यवाही के दौरान अवर अभियन्ता, श्री हिमांशु बर्नवाल, सुपरवाइजर श्री राम औतार, श्री मनोज कुमार, श्री राज कुमार, श्री लाल सिंह एवं थाना-बिठूर के पर्याप्त पुलिस बल के साथ उपस्थित रहें।
साथ ही डा0 रवि प्रताप सिंह, विशेष कार्याधिकारी/उपजिलाधिकारी द्वारा अवगत कराया गया कि उपरोक्त लोगों द्वारा बिना अनुमति के जमीन की प्लाटिंग की जा रही है और भोले-भाले लोगों को धोखा देकर प्लाट बेचे जा रहे है। नियमानुसार किसी भी प्रकार की प्लाटिंग से पहले कानपुर विकास प्राधिकरण से अनुमति/स्वीकृति लेना अनिवार्य है। ऐसी अवैध कालोनियों में न तो सड़क, नाली, बिजली, पानी और सीवर जैसी मूलभूत सुविधाएं तो नही रहती है या मानकों के अनुसार नहीं रहती है। इसके अलावा अवैध प्लाटिंग से जल भराव की समस्या बढ़ती है, ट्राफिक व्यवस्था बिगड़ती है, पर्यावरण को नुकसान होता है, सरकारी जमीन पर अतिक्रमण बढ़ता व भविष्य में कानूनी विवाद उत्पन्न होते है, इसके साथ ही कई बार लोग अपनी जीवन भर की कमाई से प्लाट खरीद लेते है, लेकिन बाद में पता चलता है कि वह जमीन अवैध है जिससे उन्हें भारी नुकसान उठाना पड़ता है।
डा0 रवि प्रताप सिंह, विशेष कार्याधिकारी/उपजिलाधिकारी द्वारा आम जनमानस से यह अपील की गयी है
केवल के0डी0ए0 से स्वीकृत कालोनियों में प्लाट खरीदें।
नक्शा व ले-आउट की जांच कर लें।
प्लाट खरीदने से पहले के0डी0ए0 से जानकारी कर लें।
साथ ही इस प्रकार की कार्यवाही भविष्य में सतत अभियान चलाकर निरोधात्मक कार्यवाही जारी रहेगी।
