एफएसएसएआई के नए फैसले पर व्यापारियों ने जताई खुशी, बांटी मिठाई
कानपुर। भारतीय खाद्य सुरक्षा और मानक प्राधिकरण (एफएसएसएआई) द्वारा खाद्य लाइसेंस के बार-बार नवीनीकरण की अनिवार्यता समाप्त करने संबंधी निर्देश जारी किए जाने के बाद व्यापारियों ने हर्ष जताया। इसी क्रम में शनिवार को कानपुर उद्योग व्यापार मंडल उत्तर के पदाधिकारियों ने घंटाघर स्थित भारत माता प्रतिमा के पास जिलाध्यक्ष सुनील बजाज के नेतृत्व में स्ट्रीट फूड वेंडर्स और राहगीरों को मिठाई वितरित कर खुशी व्यक्त की और केंद्र सरकार का आभार प्रकट किया।
जिलाध्यक्ष सुनील बजाज ने कहा कि एफएसएसएआई का यह निर्णय छोटे और मध्यम खाद्य कारोबारियों के साथ-साथ लाखों स्ट्रीट फूड विक्रेताओं के लिए बड़ी राहत साबित होगा। उन्होंने बताया कि उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार मंडल की ओर से लंबे समय से इस मांग को उठाया जा रहा था कि खाद्य लाइसेंस के बार-बार नवीनीकरण की प्रक्रिया को सरल बनाया जाए। अब इस फैसले से कारोबारियों को लाइसेंस रिन्यूअल के झंझट से मुक्ति मिलेगी, जिससे कागजी कार्यवाही और अनुपालन लागत में भी कमी आएगी।
जिला महामंत्री कृपा शंकर त्रिवेदी ने बताया कि सरकार ने एक और महत्वपूर्ण निर्णय लेते हुए 1 अप्रैल 2026 से मूल पंजीकरण के लिए वार्षिक कारोबार की सीमा 12 लाख रुपये से बढ़ाकर सीधे 1.5 करोड़ रुपये कर दी है। इससे लघु और मध्यम खाद्य कारोबारियों को बड़ी अनुपालन राहत मिलेगी और उन्हें बार-बार लाइसेंस से जुड़ी प्रक्रियाओं से नहीं गुजरना पड़ेगा। उन्होंने यह भी बताया कि नगर निकायों में पंजीकृत स्ट्रीट फूड वेंडर्स को अब एफएसएसएआई के अंतर्गत स्वचालित रूप से पंजीकृत माना जाएगा, जिससे अलग-अलग विभागों में पंजीकरण कराने की आवश्यकता समाप्त हो जाएगी। इस निर्णय से देशभर के 10 लाख से अधिक स्ट्रीट फूड विक्रेताओं को सीधा लाभ मिलने की उम्मीद है। पदाधिकारियों ने इस महत्वपूर्ण सुधार के लिए सरकार के प्रति आभार व्यक्त किया और कहा कि इससे छोटे कारोबारियों को राहत मिलने के साथ ही व्यापार को भी बढ़ावा मिलेगा। इस मौके पर रामेश्वर गुप्ता, महेंद्र गुप्ता, अमित दोसर, चंद्र प्रकाश ओमर, ईश्वर वर्मा, हेमंत मिश्रा, सीताराम, शनि सिंह, विजय रुद्र, संतोष ओमर, पवन दुबे, रोशन गुप्ता, संजीव अग्रवाल, मयंक यादव, हिमांशु राठौर, शैलेश, सुनील गुप्ता, गुलशन जायसवाल सहित कई व्यापारी और पदाधिकारी उपस्थित रहे।
