*रामनवमी के शुभ अवसर पर प्रयाग नारायण मंदिर (शिवाला) में लोकगीत एवं भजनों से भक्तिमय माहौल*
कानपुर 29 मार्च दिन रविवार उत्तर भारत का 166 वर्ष प्राचीन दक्षिण भारतीय महाराज प्रयाग नारायण मंदिर (शिवाला) जहाँ विराजमान हैं भगवान लक्ष्मीनारायण के सभा मण्डप में परम्परागत श्री रामनवमी के शुभ अवसर पर सद्प्रेरक बद्री नारायण तिवारी की स्मृति में भक्ति संगीत का आयोजन सम्पन्न हुआ।
राम स्तुति के साथ संध्या आरती के होते ही जन्म बधाई गीत कविता सिंह की सामूहिक गान के द्वारा शुभारम्भ हुआ।
भक्तिमय वातावरण में नगर के विभिन्न संगीत घरानों के संगीत एवं लोकगीत साधकों ने अपनी प्रस्तुति की गयी।
प्रमुख रूप से नगर के गणमान्य वरिष्ठ नागरिक गण, समाजसेवी पुरुष एवं महिलाओं ने सहभागिता की बाल योगी चैतन्य पुरी जी महाराज, कुंज बिहारी, डॉ० अंगद सिंह, मोहन तिवारी, उमंग अग्रवाल, श्याम अरोड़ा, डॉ० ए० के० त्रिवेदी, डॉ० प्रदीप दीक्षित, अवध बिहारी मिश्रा, अमरीश मिश्रा, नीना अवस्थी आदि के अतिरिक्त युवाओं की उपस्थिति रही।
सभी अतिथियों का स्वागत अभिनव नारायण तिवारी व राघव नारायण तिवारी ने किया सम्पूर्ण कार्यक्रम का संयोजन “मुकुल” विजय नारायण तिवारी द्वारा किया गया।
अंत में सामूहिक प्रसाद वितरण एवं भगवान व्यंकटेश की स्तुति एवं जयघोष के साथ कार्यक्रम सम्पन्न हुआ।
कार्यक्रम का भावपूर्ण सफल संचालन डॉ० प्रदीप दीक्षित व मनोज सेंगर द्वारा किया गया।
कार्यक्रम में उपस्थित संगीत साधकों की प्रस्तुति
• श्रीमती कविता सिंह (भजन/पारम्परिक लोकगीत) — जन्म बधाई गीत से कार्यक्रम का शुभारम्भ
बाजत अवध बधैया, जन्मे हैं रघुवीरैया
राम जी ने जन्म लियो आज अवधपुर
• डॉ० रेनू निगम (भजन)
जन्म लिये रघुवीरैया हो रामा चैत महीना
जय मीरा के गिरधर नागर
राम रतन धन पायो, पायो जी मैंने राम रतन धन पायो
• श्रीमती मनीषा सिंह (भजन)
श्री राम जय राम जय जय राम
जनक भवन में होरी खेलत रघुबीरा
• सुप्रसिद्ध तबला वादक श्री राजकुमार त्रिपाठी — (संगत तबला में की)
• श्रीमती रश्मि सविता (भजन) — जन्म सफल ये गोले — जब जानकी नाथ सहाय — मन में राम बसा लें (प्रस्तुत तीन भजन के बोल)
• श्री अरविन्द श्रीवास्तव (तबला)
• चि० अमन यादव (तबला)
• चि० आकाश शर्मा (गिटार)
