
●आज का यह बजट नाम बड़ा और दर्शन छोटा जैसा है कहने को तो 6 लाख 15 हजार करोड़ का बजट है और इसमें निराशा के अलावा कुछ नहीं है जहां एक तरफ नौजवान रोजगार की आस कर रहा था। वो निराश हैं और जो नौजवान लैपटॉप की उम्मीद कर रहे थे। लैपटॉप शब्द उसमें से नदारद है।
●बिजली 23.20 घंटे महानगरों में आती है। यह सरकार ने खुद स्वीकार कर लिया है। कोई भी बिजली उत्पादन का नया संयंत्र लगाने का प्रावधान नहीं किया है जब पहले साल में नए बिजली संयंत्र का प्रावधान नहीं है तो 5 साल में कोई बिजली संयंत्र नया लगाना भी चाहेगा उत्पादन का तो नहीं लग पायेगा।
●नेशन वन कार्ड योजना में यह बताना है कि 37000 लोग अदर स्टेट के हमारे यहां राशन ले रहे थे हमारे स्टेट के 900000 लोग दूसरी जगह पर राशन ले रहे थे इसका मतलब उत्तर प्रदेश से रोजगार के लिए पलायन बढ़ा है। फ्री राशन की उम्मीद करने वालों जिनको चुनाव में फ्री राशन मिला था उनके लिए भी जून के आगे कोई योजना अभी बजट में स्पष्ट रूप से दिखाई नहीं पड़ती है।
