धर्मप्रिय बंधु, सादर जय जिनेन्द्र।अष्टांहिक पर्व 17 जुलाई से प्रारंभ हुए। इन आठ दिवसीय पर्व के पावन अवसर पर अपने १००८ श्री शांतिनाथ दिगंबर जिनालय , आनंदपुरी में विशेष पूजन का कार्यक्रम हुआ। दिगंबर जैन समाज के लिए ये अष्टनिका शाश्वत पर्व है। इसमें देव लोग चारो दिशाओं में बने नन्दीश्वर मंदिरों में जाकर विस्तृत पूजन भक्ति करते है। बहुत विशेष महत्व है इन दिनों का।
बहुत बड़ी संख्या में धर्मप्रेमियों ने बड़ चढ़ कर धर्म लाभ लिया। निम्न तिथियों में क्रमशः ये विधान हुए। विधान कराने में श्री शील चंद जैन, श्री सिद्धार्थ जैन, श्री राज कुमार जैन , संजय जैन, आदि ने प्रमुख भूमिका निभाई।
17 जुलाई शनिवार ,,, श्री मुनिसुव्रत विधान
18 जुलाई रविवार,,,, श्री पंच परमेष्ठी विधान
19 जुलाई सोमवार,,, श्री भक्तामर विधान
20 जुलाई मंगलवार,,, श्री सहस्रनाम विधान
21 जुलाई बुधवार,,,, श्री कल्याणमंदिर विधान
22 जुलाई गुरुवार,,,, श्री नंदीश्वर विधान
23 जुलाई शुक्रवार,,, श्री शांतिनाथ विधान
24 जुलाई शनिवार,,, श्री सम्मेद शिखर विधान
प्रातः 6:०० बजे से ,,,,मंगलाचरण प्रारंभ
नित्य नियम अभिषेक पूजन विधान
श्री मंदिर जी में कोरोना प्रोटोकाल का पालन किया गया।
मुख्यरूप से श्री पदम चंद, महेंद्र कटारिया, अशोक जैन, अनिल जैन ,विवेक जैन, प्रदुम्न , अनूप जैन, अनुज, विनोद,शैलेश, मनीष ,श्रीमती द्रोपदी ,पुष्पा, मैना, अंतिम जैन, सीमा, अल्पना, आदि शामिल हुए
2021-07-23
