कानपुर
शोभायात्रा गेट के सामने लगाया आई लव मोहम्मद का साइन बोर्ड,लोगों ने की आपत्ति
घंटों हंगामे के बाद बोर्ड को हटाने के बाद शांत हुए लोग
कानपुर रावतपुर के सैयद नगर में रामनवमी शोभायात्रा गेट के सामने टट्टर पर आई लव मोहम्मद का साइन बोर्ड लगाने पर विवाद की स्थित पैदा हो गई।नाराज हिंदूवादी संगठन के कार्यकर्ताओं ने मौके पर पहुंचकर हंगामा काटा। जिसकी सूचना मिलने के बाद भारी पुलिस बल मौके पर पहुंचा। मौके पर पहुंचे एसीपी कल्याणपुर रंजीत कुमार ने लोगों को समझाने का प्रयास किया।घंटों चले हंगामे के बाद सहमति बनने पर साइन बोर्ड हटा दिया गया जिसके बाद स्थिति सामान्य हो सकी।
जानकारी के मुताबिक रावतपुर में शुक्रवार को बारावफात का त्योहार धूमधाम के साथ मनाया जाता है।जिसको लेकर कई दिनों पूर्व से तैयारी कर सड़क से लेकर गलियां तक सजाई जाती हैं। काल देर रात सैयद नगर में राम नवमी शोभायात्रा गेट के सामने टट्टर पर किसी ने आई लव मोहम्मद का साइन बोर्ड लगा दिया और कुछ मेजे डाल दी।जानकारी होने के बाद हिंदुवादी संगठन के लोगों के साथ मौके पर पहुंचे। सैयद नगर राम नवमी समिति के संयोजक अधिवक्ता मोहित बाजपेई कार्यकर्ताओं ने हंगामा करना शुरू कर दिया और साथियों के साथ धरने पर बैठ गए और बोर्ड को हटाने की मांग कर नारेबाजी करने लगे ।वहीं सूचना पाकर बउआ काकादेव रामनवमी समिति के संयोजक बउआ केसरवानी,वार्ड अध्यक्ष भाजपा आयुष शुक्ला, मारुत चंदेल और रजनीश राजपूत के साथ भारी भीड़ मौके पर पहुंच गई और हंगामा बढ़ने लगा।सूचना पाकर एसीपी कल्याणपुर रंजीत कुमार,रावतपुर इंस्पेक्टर केके मिश्रा भारी पुलिस बल के साथ पहुंचे और लोगों को समझाने का प्रयास किया।मौके पर शहरकाजी मौलाना मुस्ताक, सपा नेता सम्राट विकास ,मौलाना असगर ,डॉ निसार खान और अन्य प्रमुख लोगों ने पुलिस अधिकारियों से बातचीत की ।जिसके बाद मेज हटवा दी गई।लेकिन लोग साइन बोर्ड हटाने की मांग पर अड़े रहे।करीब तीन घंटे चले हंगामे के बाद साइन बोर्ड हटा दिया गया जिसके बाद माहौल शांत हुआ।मोहित बाजपेई ने बताया कि शुक्रवार को बारावफात का त्योहार है। उन्हें इससे कोई दिक्कत नहीं है।शोभायात्रा के गेट पर आई लव मोहम्मद का साइन लगाकर आपसी भाई चारे को खत्म करने का प्रयास किया जा रहा है।ये पहली बार हुआ है ,नई परंपरा नहीं डाली जानी चाहिये।एसीपी रंजीत कुमार ने बताया कि दोनो पक्षों के बीच साइन बोर्ड हटाने की सहमति बन गई है।माहौल अब शांत हो गया है।
