दिल्ली पब्लिक स्कूल, किदवई नगर, कानपुर में मनाया गया ग्रैंड पेरेंट्स डे
दादा-दादी एवं नाना-नानी वो जड़ें हैं, जिनसे हमारे संस्कारों का वृक्ष खड़ा होता है, और वो छाँव हैं, जिनमें हमें सबसे ज्यादा सुकून मिलता है।”
दादा-दादी एवं नाना-नानी परिवार की सबसे बड़ी धरोहर, एक प्यारी विरासत के संस्थापक, सबसे महान कहानीकार और परंपराओं के संरक्षक होते हैं। वे परिवार की सबसे मज़बूत नींव होते हैं। अपने विशेष प्यार और देखभाल के ज़रिए, वे परिवार को अपने दिल के करीब रखते हैं।उन्हें सम्मानित करने के लिए, दिल्ली पब्लिक स्कूल, किदवई नगर में शनिवार, 20 सितम्बर 2025 को “ग्रैंड पेरेंट्स डे” बड़े उत्साह और उल्लास के साथ मनाया गया। कार्यक्रम की मुख्य अतिथि विद्यालय की प्रो. वाइस चेयरपर्सन श्रीमती बंदना मिश्रा रहीं। दीप प्रज्वलन के उपरांत विद्यालय की हेडमिस्ट्रेस श्रीमती अलका जोशी ने स्वागत भाषण देते हुए कहा कि “दादा-दादी एवं नाना-नानी बच्चों के जीवन की जड़ें हैं, उनसे ही संस्कार और मूल्य मिलते हैं।”
बच्चों ने रंगारंग प्रस्तुतियों-गीत, नृत्य और नाटिका के माध्यम से अपने दादा-दादी एवं नाना-नानी के प्रति गहरी श्रद्धा और स्नेह व्यक्त किया। वरिष्ठजनों के लिए मनोरंजक खेल और गतिविधियाँ भी आयोजित की गईं, जिनमें उन्होंने पूरे उत्साह से भाग लिया।
मुख्य अतिथि श्रीमती बंदना मिश्रा ने कहा कि, “ऐसे आयोजन परिवारिक मूल्यों को सशक्त बनाते हैं और पीढ़ियों के बीच रिश्तों को और गहरा करते हैं।”
कार्यक्रम के अंत में विद्यालय की हेडमिस्ट्रेस श्रीमती अलका जोशी ने सभी दादा-दादी एवं नाना-नानी के प्रति हार्दिक आभार प्रकट करते हुए कहा कि “आपकी उपस्थिति ने इस समारोह की गरिमा को और बढ़ाया है। आपके आशीर्वाद और सहयोग से ही हमारे विद्यार्थी संस्कारों की शिक्षा ग्रहण कर भविष्य में सफलता की ओर अग्रसर होंगे।”
कार्यक्रम का समापन आभार व्यक्त करते हुए हुआ। यह विशेष दिवस सभी के लिए न केवल अविस्मरणीय बना, बल्कि हृदय को छू लेने वाला भावनात्मक अनुभव भी रहा।
