स्वास्थ्य केंद्र में छापेमारी, फार्मासिस्ट ने कर दिया बच्चे का इलाज
डीएम जितेंद्र प्रताप सिंह ने सरसौल स्थित प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र का शनिवार को औचक निरीक्षण किया।इस दौरान 3 में से दो डॉक्टर ही प्रेजेंट मिले, जबकि एक डॉक्टर डा. अपर्णा पौने 11 बजे तक भी केंद्र में नहीं पहुंची थीं, इस पर डीएम ने एक दिन की सैलरी काटने के निर्देश दिए। डीएम ने बताया कि सीएमओ का सुपरविजन खराब नहीं होना चाहिए कि डाक्टर्स बेकाबू हो जाएं। सीएमओ और एसीएमओ की जिम्मेदारी है कि वह इन सबकी जांच करें। साथ ही यह इंश्योर करें की जनता को इलाज सही और समय पर मिले।
डीएम ने इस दौरान फार्मासिस्ट को 4 साल के बच्चे का इलाज करते हुए पकड़ा। डीएम ने बताया कि 4 साल के बच्चे जितेंद्र का इलाज 2 डॉक्टर मौजूद होने के बाद भी यहां तैनात फार्मासिस्ट डा. अंजलि ने कर दिया। उन्होंने ने बच्चे को देखा, दवा का पर्चा लिखा और दवा भी दे दी। इस पर डीएम ने डॉक्टरों से कड़ी नाराजगी व्यक्त की।डीएम ने बताया कि निरीक्षण के दौरान डॉ अनिल और डॉ राशि मौजूद मिले। डीएम ने नाराजगी जाहिर करते हुए बताया कि दूसरे के बच्चों का इलाज फार्मासिस्ट कर रहे हैं और डॉक्टर राशि अपने बच्चे खिलाने में व्यस्त हैं। डीएम ने जानकारी देते हुए बताया कि स्वास्थ्य केंद्र में ओपीडी की हालत बेहद बुरी है। पब्लिक से बात ऐसा लगा है कि लोगों को यहां पर अच्छा इलाज मिलेगा, इसका विश्वास भी नहीं है। सीएमओ और एसीएमओ को यहां का निरीक्षण करना चाहिए था, लेकिन उन्होंने नहीं किया
