कानपुर। सपा विधायक इरफान सोलंकी की पुलिस से गुंडागर्दी का वीडियो सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बना हुआ है। हालांकि अब विधायक ने सफाई देते एक वीडियो जारी किया। उसमें उन्होंने कहा कि मैं विधायक हूं…एक आम कार्यकर्ता और क्षेत्रीय लोगों की समस्या लेकर मैं शहर में घूमता रहूंगा। अब आप बताइए सपा के विधायक का काफिला निकल रहा और सिपाही फोटो खींचकर चालान भेजते हैं। भाजपा के बड़े-बड़े नेता आते हैं तो तब ये पुलिस वाले फोटो नहीं खींचते हैं..?
इसी बीच IPS अनुराग आर्य ने अपने ट्विटर हैंडल पर विधायक को करारा जवाब दिया। उन्होंने लिखा कि ‘डिग्रियां तो तालीम के खर्चों की रसीदें हैं, इल्म वही जो किरदार में झलकता है…, प्रौढ़ शिक्षा (एडल्ट एजुकेशन) और उसमें भी शिष्टाचार नाम की किताब पढ़ना और पढ़ाना अति-आवश्यक है। इल्म तभी नसीब होगा। इस पर IPS के जवाब का पब्लिक ने समर्थन भी किया है।
IPS अनुराग आर्य कानपुर में एसपी पूर्वी के पद पर तैनात रह चुके हैं। वह शहर और यहां के लोगों से अच्छी तरह से परिचित हैं। तैनाती के दौरान उन्होंने अपराध नियंत्रण के साथ ही जुआरियों और सटोरियों पर बेहतर काम किया था। उनके कार्यकाल में कानपुर के जुआरी अंडरग्राउंड हो गए थे। अनुराग आर्य मौजूदा समय में बरेली में एसपी इंटेलिजेंस के पद पर कार्यरत हैं। ट्विटर पर बहुत सक्रिय रहते हैं। कानपुर के विधायक का वीडियो वायरल होने के बाद उन्होंने इस पर अपनी प्रतिक्रिया दी।
महाराष्ट्र के सपा विधायक अबू आजमी शुक्रवार को समाजवादी पार्टी कानपुर के सीसामऊ विधानसभा से विधायक इरफान सोलंकी के यहां जा रहे थे। जाजमऊ हाइवे पर उनके स्वागत में सैकड़ों कार्यकर्ता बाइक से तीन-तीन और चार सवारी पहुंचे थे। इस दौरान ट्रैफिक दरोगा सुधीर रावत व कांस्टेबल संजय कुमार ने तीन सवारी बगैर हेलमेट देखकर चालान के लिए फोटो खींच लिया।
आरोप है कि यह बात विधायक इरफान सोलंकी को इतनी नागवार गुजरी की ट्रैफिक दरोगा का मोबाइल छीन लिया। अपने हाथ से मोबाइल से फोटो डिलीट किया। इतना ही नहीं दरोगा को वर्दी उतरवाने से लेकर जमकर लताड़ लगाई थी।
विधायक की गुंडागर्दी का पूरा मामला कानपुर की हाईटेक ट्रैफिक पुलिस वर्दी में लगे एक बॉडी वार्न कैमरे में रिकॉर्ड हो गई। चेकिंग कर रहे ट्रैफिक दरोगा की वर्दी में बॉडी वॉर्न कैमरा लगा हुआ था और विधायक की पूरी करतूत उसमें कैद हो गई।
